बारिश
11 दुआएं
1
اللَّهُمَّ صَيِّبًا نَافِعًا
ऐ अल्लाह! इस बारिश को हमारे लिए फ़ायदेमंद बना।
2
مُطِرْنَا بِفَضْلِ اللَّهِ وَرَحْمَتِهِ
हम पर अल्लाह के फ़ज़्ल और उसकी रहमत से बारिश हुई।
3
اللَّهُمَّ حَوَالَيْنَا وَلَا عَلَيْنَا، اللَّهُمَّ عَلَى الْآكَامِ وَالظِّرَابِ…
ऐ अल्लाह! हमारे आसपास बारिश बरसा, हम पर (तबाही के तौर पर) नहीं। ऐ अल्लाह! टीलों, पहाड़ों, वादियों और दरख़्तों के उगने की जगहों पर बारिश बरसा…
4
اللَّهُمَّ اسْقِنَا غَيْثًا مُغِيثًا مَرِيئًا مَرِيعًا نَافِعًا غَيْرَ ضَارٍّ عَ…
ऐ अल्लाह! हमें ऐसी बारिश अता कर जो राहत देने वाली, खुशगवार, सैराब करने वाली और फ़ायदेमंद हो न कि नुकसानदेह, और वह जल्द आए, देर न करे।
5
اللَّهُمَّ اسْقِ عِبَادَكَ وَبَهَائِمَكَ وَانْشُرْ رَحْمَتَكَ وَأَحْيِ بَلَدَكَ …
ऐ अल्लाह! अपने बंदों और अपने चौपायों को पानी पिला, अपनी रहमत फैला और अपनी मृत भूमि को जीवित कर दे।
6
اللَّهُمَّ صَيِّبًا نَافِعًا اللَّهُمَّ صَيِّبًا نَافِعًا
ऐ अल्लाह! इसे लाभदायक वर्षा बना, ऐ अल्लाह! इसे लाभदायक वर्षा बना।
7
سُبْحَانَ الَّذِي يُسَبِّحُ الرَّعْدُ بِحَمْدِهِ وَالْمَلَائِكَةُ مِنْ خِيفَتِهِ
पाक है वह जिसकी हम्द (प्रशंसा) के साथ बिजली कड़क तस्बीह करती है और फ़रिश्ते भी उसके डर से (तस्बीह करते हैं)।
8
مُطِرْنَا بِفَضْلِ اللَّهِ وَرَحْمَتِهِ
हम पर अल्लाह के फ़ज़्ल और उसकी रहमत से बारिश हुई।
9
اللَّهُمَّ حَوَالَيْنَا وَلَا عَلَيْنَا اللَّهُمَّ عَلَى الْآكَامِ وَالظِّرَابِ …
ऐ अल्लाह! हमारे आसपास बारिश बरसा, हम पर (तबाही के तौर पर) नहीं। ऐ अल्लाह! टीलों, पहाड़ों, वादियों और दरख़्तों के उगने की जगहों पर बारिश बरसा…
10
اللَّهُمَّ اجْعَلْهَا سَقْيَا رَحْمَةٍ وَلَا تَجْعَلْهَا سَقْيَا عَذَابٍ
ऐ अल्लाह! इसे रहमत की बारिश बना और इसे अज़ाब (दंड) की बारिश न बना।
11
اللَّهُمَّ لَا تَقْتُلْنَا بِغَضَبِكَ وَلَا تُهْلِكْنَا بِعَذَابِكَ وَعَافِنَا ق…
ऐ अल्लाह! हमें अपने क्रोध से न मार, और हमें अपने अज़ाब (दंड) से हलाक़ (नष्ट) न कर, और इससे पहले ही हमें आफ़ियत (सुरक्षा) प्रदान कर।