ऐ अल्लाह, मुझे मुसीबत के वक्त सब्र करने वाला, नेमत के वक्त शुक्र करने वाला और गु — सब्र
اللَّهُمَّ اجْعَلْنِي عِنْدَ الْبَلَاءِ صَابِرًا وَعِنْدَ النِّعْمَةِ شَاكِرًا وَعِنْدَ الذَّنْبِ مُسْتَغْفِرًا
लिप्यंतरण: Allaahummaj-'alnee 'indal-balaa'i saabiran wa 'indan-ni'mati shaakiran wa 'indadh-dhanbi mustaghfiraa
अनुवाद: ऐ अल्लाह, मुझे मुसीबत के वक्त सब्र करने वाला, नेमत के वक्त शुक्र करने वाला और गुनाह के वक्त माफ़ी मांगने वाला बना दे।
संदर्भ: General supplication