Qurani·قرآني
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ऐ अल्लाह! मैं तुझसे नफ़ा पहुँचाने वाले इल्म, पाकीज़ा रिज़्क़ और क़बूल होने वाले अ — दैनिक दुआएं

اللَّهُمَّ إِنِّي أَسْأَلُكَ عِلْمًا نَافِعًا وَرِزْقًا طَيِّبًا وَعَمَلًا مُتَقَبَّلًا
लिप्यंतरण: Allaahumma innee as'aluka 'ilman naafi'an, wa rizqan tayyiban, wa 'amalan mutaqabbalan
अनुवाद: ऐ अल्लाह! मैं तुझसे नफ़ा पहुँचाने वाले इल्म, पाकीज़ा रिज़्क़ और क़बूल होने वाले अमल का सवाल करता हूँ।
संदर्भ: Ibn Majah 1:152
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