हमें सुबह में प्रवेश किया है और राज्य अल्लाह का है। प्रशंसा अल्लाह ही के लिए है। — सुबह के अज़कार
أَصْبَحْنَا وَأَصْبَحَ الْمُلْكُ لِلَّهِ، وَالْحَمْدُ لِلَّهِ، لَا إِلَهَ إِلَّا اللَّهُ وَحْدَهُ لَا شَرِيكَ لَهُ، لَهُ الْمُلْكُ وَلَهُ الْحَمْدُ وَهُوَ عَلَى كُلِّ شَيْءٍ قَدِيرٌ
लिप्यंतरण: Asbahnaa wa asbahal-mulku lillaah, walhamdu lillaah, laa ilaaha illallaahu wahdahu laa shareeka lah, lahul-mulku wa lahul-hamdu wa huwa 'alaa kulli shay'in qadeer
अनुवाद: हमें सुबह में प्रवेश किया है और राज्य अल्लाह का है। प्रशंसा अल्लाह ही के लिए है। कोई रब नहीं है बल्कि अकेले अल्लाह है, जिसका कोई साझेदार नहीं है। उसी का है राज्य और उसी की प्रशंसा है, और वही सब कुछ कर सकता है।
संदर्भ: Abu Dawud 4:317