ऐ अल्लाह, मुहम्मद और मुहम्मद के परिवार पर रहमतें नाज़िल फ़रमा, जिस तरह तूने इब्र — शाम के अज़कार
اللَّهُمَّ صَلِّ عَلَى مُحَمَّدٍ وَعَلَى آلِ مُحَمَّدٍ كَمَا صَلَّيْتَ عَلَى إِبْرَاهِيمَ وَعَلَى آلِ إِبْرَاهِيمَ إِنَّكَ حَمِيدٌ مَجِيدٌ
लिप्यंतरण: Allaahumma salli 'alaa Muhammadin wa 'alaa aali Muhammad kamaa sallayta 'alaa Ibraheema wa 'alaa aali Ibraheem innaka hameedun majeed
अनुवाद: ऐ अल्लाह, मुहम्मद और मुहम्मद के परिवार पर रहमतें नाज़िल फ़रमा, जिस तरह तूने इब्राहीम और इब्राहीम के परिवार पर रहमतें नाज़िल फ़रमाईं। बेशक, तू प्रशंसा के योग्य और बड़ी शान वाला है।
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संदर्भ: Bukhari 4:589, Muslim 1:305